जीयो फाइबर 5 सिंतबर को होगा लांच..सुविधा को 2 करोड़

मुकेश अंबानी ने 42वीं आम सभा में जियो गीगाफाइबर सर्विस को लॉन्च. करने का ऐलान किया।
जीयो फाइबर 5 सिंतबर को होगा लांच..सुविधा को 2 करोड़

डेस्क न्यूज – रिलायंस इंडस्ट्री ज के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी ने कंपनी की 42वीं आम सभा में बहुप्रतीक्षित जियो गीगाफाइबर सर्विस को लॉन्चन करने की तारीख का ऐलान कर दिया है। मुकेश अंबानी ने बताया कि इस साल 5 सितंबर, 2019 को रिलायंस जियो की तीसरी वर्षगांठ है और इस अवसर पर देशभर में जियो फाइबर सर्विस को कमर्शियल तौर पर लॉन्च  किया जाएगा।

मुकेश अंबानी ने बताया कि उनकी योजना 1600 शहरों में 2 करोड़ घरों और 1.5 करोड़ व्यानवयायिक इकाइयों तक पहुंचने का है। यह एक हाईस्पीड इंटरनेट सेवा है जिसके जरिए इंटरनेट के अलावा आप कॉलिंग, टीवी, डीटीएच की सुविधा भी प्राप्त कर सकते हैं। जियो गीगाफाइबर के एक कनेक्शन पर एक साथ 40 डिवाइस कनेक्ट की जा सकती हैं। ट्रायल के दौरान ग्राहकों को 100 एमबीपीएस की स्पीड से डाटा दिया जा रहा है। इसके लिए कंपनी 4500 रुपए सिक्योरिटी के तौर पर ले रही है।

रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी अपनी बहुप्रतीक्षित रिलायंस जियो गीगाफाइबर सर्विस को कमर्शियल तौर पर 5 सितंबर,2019 को लॉन्च किया जाएगा। कंपनी पिछले कई महीनों से देश के कुछ शहरों में जियो गीगाफाइबर की टेस्टिंग कर रही है।

खबरों की मानें तो कंपनी रिलायंस जियो गीगाफाइबर सेवा के लिए तीन सब्सक्रिप्शन प्लान पेश कर सकती है, जिसकी शुरुआती कीमत 500 रुपये हो सकती है। शुरुआती प्लान इंटरनेट कनेक्टिविटी का होगा। इसमें 100 एमबीपीएस की स्पीड से डेटा मिलेगा। दूसरे प्लान में आईपीटीवी का भी एक्सेस मिलेगा। तीसरा प्लान इंटरनेट एक्सेस, आईपीटीवी सर्विस और स्मार्ट होम सर्विस के साथ आएगा। प्लान की कीमत 500 रुपये से शुरू होगी और यह 1,000 रुपये से ऊपर तक जाएगी।

जियो गीगाफाइबर प्लान के अभी मौजूदा प्रीव्यू ग्राहक को सर्विस का इस्तेमाल करने के लिए कोई भी शुल्क चार्ज नहीं लिया जा रहा है और अभी प्लान के बारे में भी कोई जानकारी नहीं है। प्रीव्यू ग्राहकों से 4,500 रुपये या 2,500 रुपये का रिफंडेबल सिक्योरिटी डिपॉजिट लिया जा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, रिलायंस जियो 600 रुपये प्रतिमाह में कॉम्बो प्लान को उतारा सकती है जिसके साथ यूजर को ब्रॉडबैंड-लैंडलाइन-आईपीटीवी की सर्विस मिल सकती है।

Related Stories

No stories found.
Since independence
hindi.sinceindependence.com