27 लाख की बिरियानी 8 दिन में खा गए पाकिस्तानी पुलिस वाले, PCB ने भुगतान से किया इंकार , होगी खर्चे की जाँच

कर्ज में डूबे पाकिस्तान की इमरान सरकार और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के बीच बिरियानी का खर्चे को लेकर खींच तान हो रही। जाँच के बाद होगा भुगतान पर फैसला
27 लाख की बिरियानी 8 दिन में खा गए पाकिस्तानी पुलिस वाले, PCB ने भुगतान से किया इंकार , होगी खर्चे की जाँच

इमरान खान की सरकार पाकिस्तान के अर्थव्यवस्था को लेकर पहले से हलकान है। मुर्गी बाँट कर रोजगार देने की योजना को पाकिस्तानी लोग मुर्गियों के साथ ही डकार गए। अब उनकी पुलिस 8 दिन में 27 लाख की बिरियानी 8 दिन में हजम कर कंगाल पाकिस्तानी क्रिकेट बोर्ड और इमरान सरकार के बीच बिल भरने को लेकर बखेड़े की शुरुआत कर दी है।

क्रिकेट टीम की सुरक्षा में लगे थे ये पुलिस वाले

यूँ तो पाकिस्तान क्रिकेट टीम और न्यूजीलैंड क्रिकेट टीम के बीच मैच हो नहीं सका। सुरक्षा का हवाला दे कर मैच से ठीक पहले वहां की सरकार ने अपनी टीम को वापस बुला लिया था। लेकिन इस दौरान पाकिस्तान की खस्ताहाल सरकार टीम की सुरक्षा के लिए 500 पुलिसकर्मियो की तैनाती कर राखी थी। इन पुलिसवालो के रहने खाने के इंतजाम का सारा खर्च पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड करने वाली थी।

मैच रद्द होने से हुआ था पहले ही घाटे मे चल रहे बोर्ड को भारी नुकसान

जब न्यूजीलैंड की टीम ने मैच से इंकार कर वतन वापसी की तो इससे पाकिस्तान को जो झटका और बेज्जती झेलनी पड़ी वो दुनिया ने देखी। वहां के बड़े बड़े क्रिकेटर और बोर्ड से जुड़े लोगो समेत इमरान सरकार के मंत्री न्यूजीलैंड को जम कर कोसने से लेकर उनकी मौत तक की बददुआएँ सोशल मीडिया और अपने बयानों मे मांगने लग गए थे।

पहले से कंगाल क्रिकेट बोर्ड को इस घाटे से उबरने का भी मौका नहीं मिला की उनके गले ये लाखो का बिल पड़ गया।

8 दिन मे आया था इतना खर्च

सुरक्षा मे लगे 500 पुलिसकर्मी 8 दिन तक होटल से दिन मे दो बार बिरियानी मंगाते रहे। अगर जोड़े तो कुल 8000 प्लेट बिरियानी 8 दिन मे होटल से मंगाई गयी। इन पूरे ऑर्डर्स का कुल खर्च 27 लाख पाकिस्तानी रुपये आया। होटल ने जब ये बिल पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को भेजा तो उन्होंने पहले तो भुगतान करने से ही इंकार कर दिया लेकिन जब मामला सरकार के पास पंहुचा तो बोर्ड अब पूरे खर्चे की जाँच करा कर ही भुगतान करने की बात कह रही है।

Related Stories

No stories found.
Since independence
hindi.sinceindependence.com